- हरेली पर्व: प्रकृति के प्रति कृतज्ञता और उत्सव का पर्व, भाजपा नेता ने किसानों और नागरिकों को दी बधाई
महासमुंद।
छत्तीसगढ़ भाजपा किसान नेता अशवंत तुषार साहू ने छत्तीसगढ़ के पारंपरिक त्योहार हरेली पर्व की क्षेत्र के एवं प्रदेश के किसान भाईयों एवं आम नागरिकों को हार्दिक बधाई एवं शुभकामनाएं दी हैं। उन्होंने कहा कि हरेली का यह पावन पर्व प्रकृति के प्रति कृतज्ञता प्रकट करने का पर्व है।


श्री साहू ने बताया कि छत्तीसगढ़ में खेती-किसानी का काम प्रारंभ होने के बाद चारों तरफ प्रकृति और हरियाली की छटा बिखरती है और यह किसानों का पहला त्योहार होता है। प्रदेश के गांव-गांव में इस त्योहार को परंपरागत, उल्लास, उमंग और उत्साह के साथ मनाया जाता है।
उन्होंने कहा कि हरेली के दिन किसान अपने कृषि औजारों को साफ करके उनकी पूजा-अर्चना करते हैं। यह दिन प्रकृति के प्रति आभार व्यक्त करने का है ताकि हरियाली सदैव बनी रहे। इस दिन गांवों में किसान भाई अनेक प्रकार के पकवान भी बनाते हैं, जैसे गुढ़ का चीला, गुलगुला, चांवल का फरा, जिन्हें पूरा परिवार बैठकर आनंद लेता है।
श्री साहू ने बताया कि गांव-गांव में नारियल फेंकना, गेड़ी चढ़ना जैसी परंपराएँ छत्तीसगढ़ी संस्कृति का जीवंत प्रमाण हैं। उन्होंने हरेली के पावन पर्व पर क्षेत्र, अंचल एवं प्रदेश के सभी किसान भाईयों एवं आम नागरिकों को बधाई देते हुए सभी के मंगलमय जीवन की कामना की है।
इसके साथ ही, अशवंत तुषार साहू ने कहा कि हमारी सरकार किसानों के हित में लगातार कार्य कर रही है। बोनस के साथ 3100 रुपये धान का समर्थन मूल्य एक मुस्त दे रही है। हरेली त्यौहार के अवसर पर प्रदेश की 70 लाख से अधिक महिलाओं को भाजपा सरकार ने महतारी वंदना के तहत 1000 रुपये खाते में दिए हैं, ताकि छत्तीसगढ़ वासी त्यौहार को और भी अच्छे से मना सकें।
हरेली के इस अवसर पर उन्होंने ‘एक पेड़ मां के नाम’ अभियान से सभी को जुड़ने की अपील की है और कहा है कि सभी को कम से कम एक पेड़ अवश्य लगाना और उसका संरक्षण करना चाहिए।






