कोलकाता।
कोलकाता पुलिस बांग्लादेशी मॉडल शांता पाल के पाकिस्तानी खुफिया एजेंसी आईएसआई से संबंधों की गहन जांच कर रही है। शांता को महानगर से फर्जी भारतीय प्रमाणपत्रों के साथ गिरफ्तार किया गया है। पुलिस यह सुनिश्चित करना चाहती है कि क्या शांता हरियाणा की यूट्यूबर ज्योति मल्होत्रा की तरह एक जासूस के तौर पर तो कहीं काम नहीं कर रही थी। इस गिरफ्तारी ने सुरक्षा एजेंसियों की चिंताएं बढ़ा दी हैं।
जासूसी का संदेह और भारत-चीन सीमा पर गतिविधि
पुलिस को शांता के इंटरनेट मीडिया अकाउंट से कई अहम जानकारियां मिली हैं। पता चला है कि शांता भारत-चीन सीमा पर गई थीं और वहां उन्होंने वीडियो भी रिकॉर्ड किए थे। पुलिस यह भी जांच कर रही है कि शांता ने सोशल मीडिया पर ‘आसन ट्रैवल्स कोलकाता एंड बांग्लादेश’ नाम से एक पेज क्यों बनाया था, जहां वह अपने पर्यटन व्यवसाय का प्रचार कर रही थीं। यह गतिविधि जासूसी के कोण से देखी जा रही है।
संदिग्ध यात्राएं और बैंक ऋण की जांच
पुलिस इसकी भी जांच कर रही है कि शांता ने होटल खोलने के लिए भारत के किसी सरकारी बैंक से ऋण तो नहीं लिया था। शांता बंगाल और सिक्किम की कई जगहों की यात्रा कर चुकी है। वह सिक्किम के नाथू ला भी गई थी, जहां उसने भारत-चीन सीमा की तस्वीरें ली थीं। इन यात्राओं और बैंक ऋण के पीछे के मकसद को लेकर जांच एजेंसियां बारीकी से पड़ताल कर रही हैं।
शांता को पिछले सोमवार को पार्क स्ट्रीट थाने की पुलिस ने दक्षिण कोलकाता के गोल्फ ग्रीन इलाके में स्थित एक फ्लैट से गिरफ्तार किया है। जांच में सामने आया है कि शांता पाल वैध वीजा के साथ भारत आई थी, परंतु उसका वीजा 2021 में ही समाप्त हो गया था। इसके बावजूद वह भारत में रह रही थी, जिससे उसकी संदिग्ध गतिविधियों को और बल मिला है।









