14 सितम्बर 2026 |
Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement

बस्तर को अलग राज्य बनाने की मांग पर बिफरे सीएम विष्णुदेव साय, कहा- यह छत्तीसगढ़ के विकास के खिलाफ बड़ी साजिश

OM Darpan

Sep 05, 2026 02:55 am 941 views
बस्तर को अलग राज्य बनाने की मांग पर बिफरे सीएम विष्णुदेव साय, कहा- यह छत्तीसगढ़ के विकास के खिलाफ बड़ी साजिश
 
  • दिल्ली दौरे से लौटे मुख्यमंत्री ने रायपुर एयरपोर्ट पर जल संरक्षण और नक्सलवाद के खात्मे पर दी बड़ी जानकारी

✍️ विशेष संवाददाता रायपुर | छत्तीसगढ़ से अलग बस्तर राज्य बनाने की मांग को मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने सिरे से खारिज करते हुए इसे विकास विरोधी करार दिया है। दो दिवसीय दिल्ली दौरे से रायपुर लौटने के बाद मुख्यमंत्री ने मीडिया से बातचीत में स्पष्ट किया कि प्रदेश में डबल इंजन सरकार के प्रयासों से बस्तर में नक्सलवाद के खिलाफ बड़ी सफलता हासिल हुई है। उन्होंने कहा कि जिन दुर्गम क्षेत्रों में सड़क, स्कूल और बुनियादी विकास कार्य पहुंचाना पहले नामुमकिन माना जाता था, वहां अब तेजी से परिवर्तन हो रहा है। रायपुर एयरपोर्ट पर बड़ी संख्या में समर्थकों ने मुख्यमंत्री का स्वागत किया, जिसके बाद उन्होंने प्रदेश के विकास और जल संरक्षण से जुड़े कई महत्वपूर्ण विषयों पर जानकारी साझा की।

जल संरक्षण में छत्तीसगढ़ का डंका, टॉप-10 में पांच जिले शामिल

मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने दिल्ली में जल शक्ति मंत्रालय की बैठक में मिली उपलब्धियों का जिक्र किया। उन्होंने बताया कि ‘जल संचय जन भागीदारी अभियान’ के तहत छत्तीसगढ़ ने राष्ट्रीय स्तर पर उत्कृष्ट प्रदर्शन किया है। देश के टॉप-10 जिलों की सूची में छत्तीसगढ़ के 5 जिले अपनी जगह बनाने में कामयाब रहे हैं। मुख्यमंत्री ने आने वाली पीढ़ियों के लिए पानी सहेजने की आवश्यकता पर जोर देते हुए राज्यों से अपनी स्थानीय परिस्थितियों के अनुरूप ‘कैच द रेन प्लान’ तैयार करने की बात कही। उन्होंने जल संरक्षण को बढ़ावा देने के लिए तकनीक और जनभागीदारी के साथ-साथ ‘स्टेट वाटर अवार्ड्स’ शुरू करने का भी सुझाव दिया।

नक्सलवाद पर निर्णायक प्रहार और बस्तर का बदलता स्वरूप

बस्तर को अलग राज्य बनाने की मांग पर मुख्यमंत्री साय ने तीखा पलटवार किया। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के कुशल नेतृत्व और केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह की मजबूत इच्छाशक्ति की वजह से सुरक्षा बलों ने नक्सलवाद के खिलाफ ऐतिहासिक जीत दर्ज की है। मुख्यमंत्री के अनुसार नक्सली लंबे समय तक विकास कार्यों में रोड़ा अटकाते रहे हैं, लेकिन अब सुरक्षा और विकास सरकार की प्राथमिकता है। उन्होंने साफ शब्दों में कहा कि अलग राज्य की मांग करने वाले लोग वास्तव में छत्तीसगढ़ के हितों और यहां के विकास की रफ्तार को रोकना चाहते हैं। सरकार का लक्ष्य नक्सल प्रभावित इलाकों में स्वास्थ्य, शिक्षा और सड़क जैसी बुनियादी सुविधाओं का विस्तार कर बस्तर को मुख्यधारा से मजबूती से जोड़ना है।  

शेयर करें

विज्ञापन / Advertisement

Government Advertisement
260914214610556

विज्ञापन

Advertisement

संबंधित खबरें

पेज 1 / 181