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सुदामा चरित्र में निःस्वार्थ मित्रता का संदेश: अशवंत तुषार साहू

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OM Darpan

Nov 15, 2025 01:18 am 392 views
सुदामा चरित्र में निःस्वार्थ मित्रता का संदेश: अशवंत तुषार साहू

  • आमा सिवनी में श्रीमद् भागवत महापुराण कथा संपन्न, अंतिम दिन भाजपा किसान नेता शामिल

महासमुंद। जिले के आमा सिवनी में लक्ष्मी नाथ साहू व साहू परिवार के तत्वावधान में आयोजित श्रीमद् भागवत महापुराण कथा का समापन हो गया है। आयोजन के अंतिम दिन, सुदामा चरित्र की कथा के दौरान भाजपा किसान नेता अशवंत तुषार साहू भी उपस्थित रहे। उन्होंने इस अवसर पर सुदामा चरित्र को भगवान कृष्ण और उनके मित्र सुदामा के बीच निःस्वार्थ मित्रता, संतोष और सच्ची भक्ति का एक मार्मिक प्रसंग बताया।

सुदामा चरित्र का वर्णन

कथा के अंतिम दिन सुदामा चरित्र की लीला का वर्णन किया गया। यह प्रसंग भगवान कृष्ण और सुदामा के बीच की मित्रता को दर्शाता है, जिसमें सुदामा द्वारा भेंट स्वरूप लाए गए चने को कृष्ण ग्रहण करते हैं और अपने मित्र की निर्धनता को दूर कर देते हैं।

'मित्रता और भक्ति का प्रसंग'

भाजपा किसान नेता अशवंत तुषार साहू ने प्रसंग पर टिप्पणी करते हुए कहा, “सुदामा चरित्र भगवान श्री कृष्ण और उनके प्रिय मित्र सुदामा की निःस्वार्थ मित्रता, संतोष और सच्ची भक्ति का अद्भुत और मार्मिक प्रसंग है।” उन्होंने इसे कृष्ण लीला का एक महत्वपूर्ण हिस्सा बताया, जो सच्ची मित्रता का उदाहरण प्रस्तुत करता है।

आयोजकों को दी बधाई

कथा के सफल आयोजन पर अशवंत तुषार साहू ने आयोजक लक्ष्मी नाथ साहू और साहू परिवार को बधाई दी।
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