मंगलवार को पांचवे दिन भी जारी है दबाव
इस्लामाबाद । मंगलवार को, जमात-ए-इस्लामी (जेआई) ने अपनी मांगों पर पाकिस्तान के प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ से गारंटी की मांग की, एआरवाई न्यूज ने सूत्रों के हवाले से जानकारी दी। जेआई ने आरोप लगाया कि सरकार की ओर से जवाब में देरी हो रही है।
जेआई ने अपनी 10 मांगों पर ठान रखा है, जिसमें खाद्य वस्तुओं की कीमतों में 20 प्रतिशत की कमी, बिजली और गैस शुल्क में कमी, वेतनभोगी वर्ग पर करों में वृद्धि, और विशेषाधिकार प्राप्त वर्ग पर कर लगाने की मांग शामिल है। इसके अतिरिक्त, जेआई ने शहबाज शरीफ के नेतृत्व वाली सरकार से पेट्रोलियम विकास शुल्क समाप्त करने, पेट्रोलियम उत्पादों की कीमतों में वृद्धि को वापस लेने, और कृषि एवं औद्योगिक क्षेत्रों पर करों में कमी करने की मांग की है।
पार्टी सूत्रों के अनुसार, जेआई ने अपने प्रतिनिधिमंडल के साथ बैठक का वादा प्राप्त किया है। शनिवार को, सूचना एवं प्रसारण मंत्री अताउल्लाह तरार, ऊर्जा मंत्री अवैस लेघारी, और नेशनल असेंबली (एमएनए) के सदस्य तारिक फजल चौधरी के नेतृत्व में तीन सदस्यीय सरकारी प्रतिनिधिमंडल ने जेआई के शीर्ष नेतृत्व से मुलाकात की और वार्ता के लिए निमंत्रण दिया।
जेआई ने स्पष्ट किया है कि जो भी समझौता होगा, उस पर प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ के हस्ताक्षर अनिवार्य होंगे।









