रायपुर।
सरकारी और निजी अस्पतालों में 5 लाख रुपये तक मुफ्त ईलाज के लिए 70 वर्ष से अधिक उम्र के बुजुर्गों को केवाईसी कराकर नया आयुष्मान कार्ड बनवाना आवश्यक होगा। यदि बुजुर्गों ने नया कार्ड नहीं बनवाया, तो सरकारी या निजी अस्पताल राशन कार्ड के प्रकार के अनुसार पुरानी लिमिट में ही ईलाज की सुविधा प्रदान करेंगे।
बीपीएल कार्डधारी बुजुर्गों को उनके परिवार सहित हर साल 5 लाख रुपये तक मुफ्त ईलाज की सुविधा मिलेगी, जबकि एपीएल कार्डधारी बुजुर्गों को 50 हजार रुपये तक की सुविधा मिलेगी। केवाईसी प्रक्रिया पूरी करने पर बुजुर्गों का नया आयुष्मान कार्ड जनरेट हो जाएगा, जिससे वे किसी भी सरकारी या पंजीकृत निजी अस्पताल में 5 लाख रुपये तक स्वयं का ईलाज करा सकेंगे। जिले में 70 प्लस आयु वर्ग के कुल 88,850 लोग हैं, जिनमें से अधिकतर के नाम उनके परिवार के राशन कार्ड में दर्ज हैं। अब तक इन्हें परिवार के राशन कार्ड के आधार पर ईलाज की सुविधा मिलती रही है। नई योजना आधार कार्ड पर आधारित है, इसलिए केवाईसी प्रक्रिया में राशन कार्ड की आवश्यकता नहीं होगी। बुजुर्ग अपने आधार कार्ड से ऑनलाइन या निकटतम स्वास्थ्य केंद्र या किसी च्वाइस सेंटर पर जाकर ऑनलाइन कार्ड बनवा सकते हैं।
वृद्ध ऐसे कर सकेंगे केवाईसी
- घर बैठे: 70 प्लस आयु वर्ग के लोग beneficiary.nha.gov.in वेबसाइट पर जाकर घर बैठे केवाईसी कर सकते हैं। सर्च करने पर जो पेज खुलेगा, उसमें बाईं ओर यूट्यूब के दो लिंक प्रदर्शित होंगे। एक लिंक 70 वर्ष से कम आयु वर्ग के लोगों के आयुष्मान कार्ड से संबंधित है, जबकि दूसरा लिंक वृद्धों के केवाईसी और कार्ड बनाने की विस्तृत जानकारी प्रदान करता है।
- अधिकृत सेंटर में: बुजुर्गों के लिए केवाईसी और कार्ड बनाने की सुविधा जिले के प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों, सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों, जिला चिकित्सालय और पंजीकृत निजी चिकित्सालयों पर भी उपलब्ध है। जिला नोडल अधिकारी के अनुसार, च्वाइस सेंटरों पर भी आधार कार्ड के माध्यम से आयुष्मान कार्ड बनवाया जा सकता है। परिवार कोटे से अलग 5 लाख रुपये तक मुफ्त ईलाज के लिए 70 वर्ष से अधिक आयु वर्ग के लोगों को नया कार्ड बनवाना अनिवार्य है।










