मनरेगा भुगतान में तेजी, श्रमिकों को मिली राहत
OM Darpan
दुर्ग (ओमदर्पण न्यूज़)।
महात्मा गांधी राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार गारंटी योजना (मनरेगा) के तहत दुर्ग जिले के श्रमिकों के लिए राहत भरी खबर है। जिले में लंबित मजदूरी भुगतान की प्रक्रिया में तेजी लाई गई है। कलेक्टर अभिजीत सिंह के मार्गदर्शन में कुल 23 करोड़ 39 लाख 17 हजार रुपये की मजदूरी राशि एसएनए-स्पर्श (SNA-Sparsh) प्रणाली के माध्यम से सीधे श्रमिकों के बैंक खातों में ट्रांसफर की जा रही है। वर्तमान में बड़ी संख्या में श्रमिकों के खातों में यह राशि सफलतापूर्वक जमा हो चुकी है और शेष भुगतान की प्रक्रिया लगातार जारी है।
किस ब्लॉक में कितना हुआ भुगतान?
जिला पंचायत दुर्ग के मुख्य कार्यपालन अधिकारी (सीईओ) बजरंग कुमार दुबे ने बताया कि शासन स्तर से प्राप्त राशि का प्राथमिकता के आधार पर विभिन्न जनपद पंचायतों और क्रियान्वयन एजेंसियों के माध्यम से भुगतान किया जा चुका है।
जनपद पंचायत दुर्ग: 8 करोड़ 64 लाख 68 हजार रुपये
[smartslider3 slider=3]
जनपद पंचायत धमधा: 6 करोड़ 34 लाख 53 हजार रुपये
जनपद पंचायत पाटन: 6 करोड़ 25 लाख 67 हजार रुपये इसके अतिरिक्त, अन्य क्रियान्वयन एजेंसियों के माध्यम से भी 2 करोड़ 14 लाख 29 हजार रुपये की मजदूरी राशि का भुगतान किया गया है।
🔗 संबंधित खबर भी पढ़ें: दुर्ग जिले की अन्य महत्वपूर्ण और ताज़ा खबरों के लिए यहाँ क्लिक करें
[smartslider3 slider=6]
कलेक्टर और जिला पंचायत सीईओ के सख्त निर्देश
जिला पंचायत सीईओ ने स्पष्ट किया है कि मनरेगा श्रमिकों को समय पर मजदूरी भुगतान सुनिश्चित करना प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकता है। सभी जनपद पंचायतों के मुख्य कार्यपालन अधिकारियों, कार्यक्रम अधिकारियों और तकनीकी अमले को निर्देशित किया गया है कि खातों संबंधी समस्याओं, आधार सीडिंग, बैंकिंग त्रुटियों या अन्य तकनीकी बाधाओं का तत्काल निराकरण किया जाए।
रोजगार सहायकों को किया गया अलर्ट
अधिकारियों को निर्देश दिए गए हैं कि ग्राम पंचायत स्तर पर श्रमिकों को उनके खातों में राशि जमा होने की जानकारी समय पर दी जाए, ताकि कोई भ्रम की स्थिति न बने। रोजगार सहायकों को प्रतिदिन श्रमिकों से संपर्क बनाए रखने, भुगतान की स्थिति साझा करने और शिकायतों का त्वरित निराकरण करने के सख्त निर्देश दिए गए हैं। जिन श्रमिकों का भुगतान तकनीकी कारणों से लंबित है, उनकी अलग से मॉनिटरिंग कर शीघ्र समाधान सुनिश्चित किया जा रहा है ताकि ग्रामीण क्षेत्रों के श्रमिकों को असुविधा का सामना न करना पड़े।
🔗 यह भी पढ़ें: मनरेगा और रोजगार से जुड़ी सभी अपडेट्स के लिए ओमदर्पण पोर्टल विजिट करें
जरूरी खबरें
विज्ञापन