हरिद्वार।
हरिद्वार के सिद्धपीठ दक्षिण काली मंदिर में आज ‘एक ईश्वर’ ऐप का भव्य शुभारंभ किया गया। इस ऐप को 21 वर्षीय युवा उद्यमी समृद्धि बजाज और उनकी माता रश्मि बजाज ने विकसित किया है, जिसका अनावरण परम पूज्य कैलाशानंद महाराज के आशीर्वाद से हुआ। यह ऐप परंपरा और आधुनिक तकनीक का एक अनूठा संगम है, जो भक्तों को भक्ति से जुड़ने का एक नया डिजिटल मार्ग प्रदान करेगा।
‘एक ईश्वर’ ऐप की प्रमुख विशेषताएँ
यह ऐप भक्तों के लिए कई सुविधाएँ लेकर आया है। इसके माध्यम से भक्त फिजिकल और वर्चुअल दर्शन की बुकिंग कर सकते हैं। इसके साथ ही, लाइव आरती और पूजा की स्ट्रीमिंग उपलब्ध होगी, जिससे घर बैठे ही भक्त मंदिरों के दिव्य वातावरण का अनुभव कर सकेंगे। ऐप प्रसाद और पूजा सामग्री की होम डिलीवरी की सुविधा भी देगा। इसके अलावा, इसमें पंचांग, राशिफल, भजन और भक्ति संगीत भी मिलेगा। यह एक भक्ति से जुड़ा ई-कॉमर्स प्लेटफॉर्म भी है, जो आध्यात्मिक उत्पादों को सुलभ बनाएगा।
युवाओं को भक्ति से जोड़ने की पहल
लॉन्च के अवसर पर समृद्धि बजाज ने कहा, “आज के युवाओं के लिए तकनीक जीवन का एक अभिन्न हिस्सा बन चुकी है। हमारी यह पहल इसलिए है ताकि भक्ति भी उसी सहजता से उनके जीवन में बनी रहे।” उन्होंने आगे कहा कि ‘एक ईश्वर’ के माध्यम से हर भक्त कहीं से भी भगवान से जुड़ सकेगा। रश्मि बजाज ने इस ऐप को सिर्फ एक ऐप नहीं, बल्कि एक ‘सेवा’ बताया। उन्होंने कहा, “हमारा उद्देश्य है कि हर घर में मंदिर जैसी शांति का अनुभव हो।”
तकनीक और परंपरा का संगम
परम पूज्य कैलाशानंद महाराज ने इस पहल की सराहना करते हुए कहा, “यह तकनीक और परंपरा का एक आदर्श संगम है। यह ऐप भक्तों को उनकी आस्था से जोड़ने का एक महत्वपूर्ण कार्य करेगा।” रघुनाथ राजाराम येमुल ने भी ‘एक ईश्वर’ को एक अनूठी पहल बताया जो नवाचार के जरिए भक्ति को जीवित रखेगी। उन्होंने समृद्धि और रश्मि को इस पवित्र प्रयास के लिए बधाई दी। यह लॉन्च भक्ति के डिजिटल युग का एक नया अध्याय है, जो आस्था को और भी सुगम, प्रामाणिक और व्यक्तिगत बनाने का वादा करता है।









