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मप्र हाई कोर्ट का अहम फैसला: आधार कार्ड जन्मतिथि नहीं, सिर्फ पहचान का दस्तावेज

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OM Darpan

Nov 13, 2024 10:05 am 294 views
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जबलपुर। मध्य प्रदेश हाई कोर्ट के न्यायमूर्ति जीएस आहलूवालिया की एकलपीठ ने अपने महत्वपूर्ण आदेश में स्पष्ट किया कि आधार कार्ड को आयु प्रमाणपत्र के रूप में नहीं, बल्कि पहचान दस्तावेज के रूप में ही मान्यता दी जानी चाहिए। इस निर्णय के साथ कोर्ट ने आदेश की प्रति राज्य के मुख्य सचिव को भेजने का निर्देश जारी किया है, जिसमें सभी जिला कलेक्टरों को इस बारे में सूचित करने को कहा गया है। यह मामला नरसिंहपुर के सिंहपुर पंचायत की निवासी सुनीता बाई साहू की याचिका से संबंधित है। सुनीता बाई ने याचिका में बताया कि उनके पति मोहनलाल साहू की करंट लगने से मृत्यु हो गई थी। उन्होंने शासकीय योजना के तहत आर्थिक सहायता के लिए आवेदन किया, जो इस आधार पर खारिज कर दिया गया कि मृतक की आयु 64 वर्ष से अधिक थी। याचिकाकर्ता ने आधार कार्ड में दर्ज आयु के अनुसार पति की मृत्यु के समय उनकी आयु 64 वर्ष से कम होने का दावा किया। राज्य शासन की ओर से कोर्ट में स्पष्ट किया गया कि जनपद पंचायत ने अन्य दस्तावेजों के आधार पर मृतक की आयु 64 वर्ष से अधिक पाई। इसके साथ ही, 2023 में जारी एक परिपत्र में यह भी स्पष्ट किया गया था कि आधार कार्ड को पहचान के उद्देश्य से ही उपयोग किया जाना चाहिए, न कि जन्मतिथि के प्रमाणपत्र के रूप में, क्योंकि यह जन्मतिथि का मान्य प्रमाण नहीं है। मप्र हाई कोर्ट सहित अन्य हाई कोर्ट भी अपने पूर्व आदेशों में यह बात दोहरा चुके हैं कि आधार कार्ड केवल पहचान पत्र है, न कि जन्मतिथि का प्रमाणपत्र।
कैंट बोर्ड को वार्षिक वेतनवृद्धि पर निर्णय के निर्देश हाई कोर्ट की एकलपीठ ने कैंट बोर्ड, जबलपुर को आदेश दिया है कि याचिकाकर्ता सुरेश कुमार डुमार की वार्षिक वेतनवृद्धि के लाभ पर उचित निर्णय लें। न्यायमूर्ति विशाल मिश्रा ने निर्देश दिए कि याचिकाकर्ता 10 दिनों के भीतर कैंट बोर्ड के सीईओ को एक ताजा अभ्यावेदन प्रस्तुत करें।
कोर्ट ने सीईओ को निर्देशित किया कि इस अभ्यावेदन पर 30 दिनों के भीतर विचार करके उचित निर्णय लिया जाए। जबलपुर निवासी सुरेश कुमार डुमार की ओर से अधिवक्ता सौरभ तिवारी और मौसम पासी ने पक्ष रखा। उन्होंने अदालत को बताया कि याचिकाकर्ता 2001 से सफाई कर्मचारी के पद पर कार्यरत है और वार्षिक वेतनवृद्धि का हकदार है। सुरेश कुमार को उत्कृष्ट कर्मचारी का पुरस्कार भी मिल चुका है।  
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