16 अक्टूबर 2026 |
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भारत-मंगोलिया रक्षा संबंधों को मिलेगी नई धार, उलानबातार में संयुक्त कार्य समूह की बैठक संपन्न

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OM Darpan

Oct 16, 2026 08:46 pm 753 views
भारत-मंगोलिया रक्षा संबंधों को मिलेगी नई धार, उलानबातार में संयुक्त कार्य समूह की बैठक संपन्न
भारत-मंगोलिया रक्षा संबंधों पर उलानबातार में संयुक्त कार्य समूह की बैठक


नई दिल्ली।

भारत और मंगोलिया ने द्विपक्षीय रक्षा साझेदारी को और अधिक मजबूत बनाने की दिशा में अपने कदम आगे बढ़ाए हैं। शुक्रवार को मंगोलिया की राजधानी उलानबातार में दोनों देशों के रक्षा मंत्रालयों के संयुक्त कार्य समूह की 14वीं बैठक आयोजित की गई। इस दौरान मौजूदा रक्षा सहयोग गतिविधियों की व्यापक समीक्षा की गई और पारस्परिक रूप से चिह्नित क्षेत्रों में रणनीतिक साझेदारी बढ़ाने के उपायों पर विस्तार से चर्चा हुई। इसके साथ ही दोनों देशों ने क्षेत्रीय और अंतरराष्ट्रीय घटनाक्रमों पर भी अपने विचार साझा किए।

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सैन्य अभ्यास और प्रशिक्षण पर जोर

इस अहम बैठक के दौरान दोनों पक्षों ने 'नोमैडिक एलीफेंट' सैन्य अभ्यास के सफल आयोजन की जमकर सराहना की। मंगोलियाई पक्ष ने अपने सशस्त्र बलों के कर्मियों के प्रशिक्षण और क्षमता विकास में भारत द्वारा दिए जा रहे निरंतर सहयोग के लिए आभार व्यक्त किया। बैठक की सह-अध्यक्षता भारत के रक्षा मंत्रालय की संयुक्त सचिव डॉ. इशिता गांगुली त्रिपाठी और मंगोलिया के रक्षा उप-सचिव ब्रिगेडियर जनरल गंसुख ई. ने की।


साइबर-सुरक्षा केंद्र का लिया जायजा

अपने दौरे पर भारतीय प्रतिनिधिमंडल ने मंगोलिया के राष्ट्रीय रक्षा विश्वविद्यालय का भी दौरा किया। यहां उन्होंने भारत के सहयोग से स्थापित साइबर-सुरक्षा प्रशिक्षण केंद्र के कामकाज की समीक्षा की। मंगोलियाई पक्ष ने भाषा प्रशिक्षण और साइबर-सुरक्षा के क्षेत्र में भारतीय मदद को काफी अहम बताया। इसके अलावा, डॉ. इशिता गांगुली ने मंगोलियाई सशस्त्र बलों के उप-प्रमुख मेजर जनरल उसुखबयार जे. से भी अलग से मुलाकात की।


सांस्कृतिक विरासत से मजबूत हो रहे रिश्ते

मुलाकात के दौरान दोनों देशों के रक्षा बलों के बीच सहयोग में हुई प्रगति पर संतोष व्यक्त किया गया। भारत-मंगोलिया के बीच ऐतिहासिक और सभ्यतागत संबंधों की एक सुदृढ़ विरासत रही है। अधिकारियों ने कहा कि इसी सांस्कृतिक नींव पर भविष्य की रणनीतिक-कार्ययोजना और ज्ञान-आदान-प्रदान को और अधिक गहन बनाया जाएगा।

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