15 अक्टूबर 2026 |
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किसानों तक पहुंचेगी नई तकनीक, भारत मंडपम में सजेगा कृषि विज्ञान का महाकुंभ

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OM Darpan

Oct 15, 2026 08:31 pm 396 views
किसानों तक पहुंचेगी नई तकनीक, भारत मंडपम में सजेगा कृषि विज्ञान का महाकुंभ

आईसीएआर ने करनाल में पेश की आगामी ईएसटीआईसी-2026 सम्मेलन की रूपरेखा


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नई दिल्ली।

भारतीय कृषि अनुसंधान परिषद (आईसीएआर) के नए शोध और वैज्ञानिक नवाचार अब प्रयोगशालाओं से निकलकर सीधे किसानों के खेतों तक पहुंचेंगे। यह जानकारी गुरुवार को करनाल स्थित केंद्रीय मृदा लवणता अनुसंधान संस्थान (सीएसएसआरआई) में आयोजित संवाददाता सम्मेलन में दी गई। इस मौके पर 27 से 29 अक्टूबर तक नई दिल्ली के भारत मंडपम में होने वाले ‘उभरते विज्ञान, प्रौद्योगिकी और नवाचार सम्मेलन’ (ईएसटीआईसी-2026) की विस्तृत रूपरेखा पेश की गई।


आईसीएआर के महानिदेशक डॉ. एमएल जाट ने बताया कि इस तीन-दिवसीय आयोजन में 12 विषयगत क्षेत्रों में भारत की वैज्ञानिक प्रगति दिखाई जाएगी। प्रदर्शनी में विश्व की पहली जीनोम-संपादित चावल की किस्में और भारत का पहला टेलोमेयर-टू-टेलोमेयर (टी2टी) अरहर जीनोम मुख्य आकर्षण होंगे। इसके अलावा अफ्रीकी स्वाइन फीवर और लंपी स्किन रोग के बचाव के लिए तैयार किए जा रहे स्वदेशी टीकों के साथ पशुधन-स्वास्थ्य पर भी खास जोर रहेगा।


सम्मेलन में कृत्रिम-बुद्धिमत्ता (एआई) आधारित मृदा-प्रबंधन, प्राकृतिक-संसाधन और डिजिटल-कृषि की आधुनिक तकनीकें प्रदर्शित की जाएंगी। परिषद द्वारा हाल ही में विकसित बागवानी की 117 नई किस्में, हरित-अमोनिया और राष्ट्रीय दुग्ध अनुसंधान संस्थान (एनडीआरआई) की ‘त्वरित दुग्ध-मिलावट पहचान किट’ भी इस आयोजन की प्रमुख उपलब्धियों के रूप में दुनिया के सामने रखी जाएंगी।

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