

रायटर।
गाजा पट्टी में राहत सामग्री लेकर जा रहे 109 ट्रकों के काफिले को 16 नवंबर को लूट लिया गया, जिसमें 98 ट्रकों को भारी नुकसान पहुंचा। इस घटना में राहत सामग्री कर्मियों को भी चोटें आई हैं। यूनाइटेड नेशंस रिलीफ एंड वर्क्स एजेंसी (यूएनआरडब्ल्यूए) के वरिष्ठ आपातकालीन अधिकारी लुईस वाटरिज ने बताया कि संयुक्त राष्ट्र एजेंसियों यूएनआरडब्ल्यूए और विश्व खाद्य कार्यक्रम द्वारा प्रदान की गई राहत सामग्री ले जाने वाले इस काफिले को इजरायल द्वारा केरेम शालोम क्रासिंग से एक अपरिचित मार्ग के माध्यम से अल्प सूचना पर प्रस्थान करने का निर्देश दिया गया था।
लुईस वाटरिज ने कहा कि इस घटना ने दक्षिणी और मध्य गाजा में राहत सामग्री पहुंचाने की चुनौतियों की गंभीरता को उजागर कर दिया है। बिना तत्काल हस्तक्षेप के, भोजन की गंभीर कमी से जूझ रहे 20 लाख से अधिक लोगों की स्थिति और बदतर हो सकती है और उनके जीवन पर संकट के बादल मंडराने लगेंगे। इस घटना के संबंध में इजरायली सैन्य एजेंसी ने अब तक कोई प्रतिक्रिया नहीं दी है।
इसके अलावा, इजरायली सुरक्षा बलों ने हेब्रोन में छापेमारी के दौरान हथियार निर्माण और मरम्मत में उपयोग होने वाले उपकरण जब्त किए हैं और दो फलस्तीनी नागरिकों को गिरफ्तार किया है। उनसे पूछताछ की जा रही है और अन्य संदिग्धों की पहचान हो चुकी है, जिन्हें जल्द ही पकड़ने की संभावना है। इसी बीच, गाजा पट्टी पर इजरायली सैन्य हमलों में सोमवार को 20 फलस्तीनियों की मौत हो गई, जिनमें वे छह लोग भी शामिल हैं जो विस्थापित परिवारों के लिए बने टेंटों पर हुए हमलों में मारे गए।
दूसरी ओर, हाउती आतंकियों ने लाल सागर और अदन की खाड़ी में वाणिज्यिक जहाजों को निशाना बनाया। हालांकि, इन हमलों में किसी भी प्रकार के नुकसान या घायल होने की सूचना नहीं मिली है। ब्रिटिश सेना के ऑपरेशंस सेंटर के अनुसार, रविवार देर रात पहले हमले में बाब अल-मंडेब जलडमरूमध्य के पास दक्षिणी लाल सागर में जहाज के करीब एक मिसाइल गिरी। दूसरा हमला अदन की खाड़ी में हुआ, जिसमें जहाज के करीब एक मिसाइल गिरी। दोनों ही हमलों में जहाज और चालक दल सुरक्षित हैं और अपना सफर जारी रखे हुए हैं।





