सुकमा।
छत्तीसगढ़ के नक्सल प्रभावित सुकमा जिले में तैनात CRPF की 228वीं बटालियन के जवानों ने अपने बहादुर साथी K9 डॉग रोलो को सैन्य सम्मान के साथ अंतिम विदाई दी। हाल ही में एक ऑपरेशन से लौटते वक्त मधुमक्खियों के हमले के कारण उसकी मृत्यु हो गई थी।
रोलो, जो कई नक्सल विरोधी अभियानों का हिस्सा रहा था, अपने हैंडलर के साथ एक ऑपरेशन से लौट रहा था, तभी अचानक मधुमक्खियों के एक झुंड ने हमला कर दिया। कई डंक लगने के बाद रोलो को एनाफिलेक्टिक शॉक आया, और उसकी मौके पर ही मौत हो गई।
रोलो की वीरता को सलाम
साथी जवानों ने रोलो की साहसिकता और निष्ठा को सलाम करते हुए उसे सैन्य रीति-रिवाजों के साथ अंतिम विदाई दी। 228वीं बटालियन के जवानों ने उसे अंतिम सैल्यूट दिया और श्रद्धांजलि अर्पित की, जिससे पूरा माहौल भावुक हो गया।
साहस और समर्पण की मिसाल
रोलो ने अपनी सेवा के दौरान दर्जनों नक्सल विरोधी अभियानों में भाग लिया। वह बारूदी सुरंगों का पता लगाने में माहिर था और जवानों के मनोबल को बढ़ाने में भी अहम भूमिका निभाता था। उसकी वीरता और बलिदान ने यह साबित किया कि सुरक्षा बलों के चार पैर वाले साथी भी हर चुनौती में कंधे से कंधा मिलाकर खड़े रहते हैं।
रोलो की साहसिक सेवाएं और बलिदान न केवल CRPF जवानों के लिए प्रेरणा का स्रोत बनीं, बल्कि यह भी साबित किया कि हमारे K9 साथी अपने मिशन में उतने ही निष्ठावान और बहादुर होते हैं, जितने हमारे इंसान साथी।






