- शिक्षा के क्षेत्र में सराहनीय पहल
रायपुर।
रायपुर जिला प्रशासन की ओर से शुरू की गई ‘स्मृति पुस्तकालय योजना’ को नागरिकों का भरपूर समर्थन मिल रहा है। मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय के मार्गदर्शन व कलेक्टर डॉ. गौरव सिंह के नेतृत्व में 15 जुलाई से शुरू हुई इस योजना के अंतर्गत अब तक 43 दानदाताओं ने 949 से अधिक पुस्तकें दान की हैं।

कौशल्या यदु व खेमराज रात्रे ने किया पुस्तक दान
आज सुश्री कौशल्या यदु व श्री खेमराज रात्रे नामक दो व्यक्तियों ने मिलकर कुल 103 पुस्तकें भेंट कीं। इन पुस्तकों में प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी से संबंधित सामग्री, करियर मार्गदर्शन व प्रेरणा देने वाला साहित्य शामिल है। इस अवसर पर कलेक्टर डॉ. गौरव सिंह ने इन दानदाताओं को सम्मान पत्र देकर उनके इस योगदान की प्रशंसा की।
अनपढ़ कौशल्या का प्रेरणादायक कदम
इस अवसर पर एक विशेष बात देखने को मिली जब सुश्री कौशल्या यदु, जो स्वयं शिक्षित नहीं हैं, ने तीन प्रेरणादायक उपन्यास दान करते हुए कहा, “मैं खुद तो पढ़ नहीं सकी, पर मेरी इच्छा है कि कोई और मेरी तरह अनपढ़ न रहे।”
जरूरतमंद विद्यार्थियों के लिए वरदान
वहीं, श्री खेमराज रात्रे ने प्रतियोगी परीक्षाओं की पुस्तकें दान करते हुए कहा कि यह योजना उन विद्यार्थियों के लिए निश्चित रूप से एक वरदान साबित होगी जो आर्थिक रूप से पुस्तकें खरीदने में सक्षम नहीं हैं।
जनसहयोग की अपील
जिला प्रशासन ने सभी नागरिकों से आग्रह किया है कि वे आगे बढ़कर पुस्तकें दान करें और ज्ञान के इस महत्वपूर्ण अभियान में अपनी भागीदारी सुनिश्चित करें।









