

भिलाई।
छत्तीसगढ़ की भिलाई क्राइम ब्रांच ने कुख्यात अपराधी अमित जोश का एनकाउंटर कर उसे ढेर कर दिया है। आरोपी पर कई गंभीर अपराधों के 35 से अधिक मामले दर्ज थे और उस पर ₹35,000 का इनाम घोषित किया गया था। भिलाई नगर थाना क्षेत्र में हुई इस घटना में आरोपी ने पुलिस पर फायरिंग की, जिसके जवाब में पुलिस द्वारा की गई कार्रवाई में उसकी मौत हो गई।
जुलाई में हुई फायरिंग का मुख्य आरोपी था अमित जोश
एसपी जितेंद्र शुक्ला ने बताया कि अमित जोश भिलाई के ग्लोब चौक में जुलाई 2024 में हुई गोलीकांड का मुख्य आरोपी था, जिसमें उसने तीन लोगों पर फायरिंग की थी और हमले में दो लोग घायल हो गए थे। वारदात के बाद से ही वह फरार चल रहा था।
घेराबंदी और मुठभेड़ की कहानी
पुलिस की लगातार नजर रखी जाने के बाद यह जानकारी मिली कि अमित जोश भिलाई लौटा है। इसके बाद पुलिस ने उसे पकड़ने के लिए कई टीमें गठित की और संभावित ठिकानों पर छापेमारी की। इसी दौरान जयंती स्टेडियम के पास पुलिस और आरोपी का आमना-सामना हुआ, जहां आरोपी ने पुलिस पर फायरिंग कर दी। जवाबी कार्रवाई में पुलिस की तीन गोलियां लगने से उसकी मौत हो गई।
आरोपी के खिलाफ कई थानों में दर्ज थे मामले
अमित जोश के खिलाफ भिलाई नगर, सुपेला, दुर्ग कोतवाली, नेवई थाना, कुर्सीपार और पदमनाभपुर थानों में कुल 35 से अधिक मामले दर्ज थे। इनमें से 25 मामले केवल भिलाई नगर थाने में थे, जिनमें मारपीट और अन्य गंभीर अपराध शामिल थे।
बीएसपी क्वॉर्टर्स पर कब्जा और किराए पर देने का मामला
अमित जोश और उसके साथी स्टालिन ग्रुप भिलाई नगर क्षेत्र में बीएसपी क्वॉर्टर्स पर कब्जा कर उन्हें किराए पर चढ़ाने में सक्रिय थे। इस कारण वे अच्छी कमाई कर रहे थे और इनके डर से बीएसपी अधिकारी भी इनके खिलाफ कार्रवाई करने से कतराते थे।
दुर्ग सेंट्रल जेल के असिस्टेंट जेलर के घर हमला
करीब दो साल पहले दुर्ग केंद्रीय जेल के असिस्टेंट जेलर अशोक साव के घर रात के समय हथियारबंद नकाबपोशों ने हमला किया था। पुलिस ने इस मामले में भी अमित जोश को गिरफ्तार किया था।





