अबूझमाड़ के जंगलों में गूंजी मोबाइल की घंटी, कलमानार में टावर लगते ही संचार क्रांति का आगाज
OM Darpan
Jul 27, 2026 11:59 pm
379 views
27 Jul 2026
नारायणपुर। घने जंगलों और दुर्गम पहाड़ियों के बीच बसे अबूझमाड़ के अंचल में विकास की नई किरण पहुंची है। नारायणपुर जिले के वनांचल में स्थित ग्राम कलमानार में मोबाइल टावर की स्थापना के साथ ही संचार क्रांति का नया अध्याय शुरू हो गया। वर्षों से नेटवर्क की समस्या झेल रहे ग्रामीणों के लिए अब अपने घर की चौखट पर ही निर्बाध मोबाइल कनेक्टिविटी और हाई-स्पीड इंटरनेट उपलब्ध हो गया है।
नेटवर्क के लिए पहाड़ों पर चढ़ने की मजबूरी खत्म, 464 ग्रामीणों का बदला जीवन
ओरछा विकासखंड के कलमानार और समीपस्थ पोकानार जैसे गांव दशकों से बाहरी दुनिया से कटे हुए थे। अपनों का हाल-चाल जानने या एक फोन कॉल करने के लिए ग्रामीणों को गांव से दूर ऊंची पहाड़ियों और पेड़ों के सहारे नेटवर्क तलाशना पड़ता था। मोबाइल टावर की स्थापना से यह परेशानी अब इतिहास बन गई है। इस पहल से कलमानार के 144 और पोकानार के 320 नागरिकों समेत कुल 464 ग्रामीणों को सीधा लाभ मिल रहा है। संचार सुविधा अब केवल बातचीत का साधन नहीं, बल्कि आपात स्थिति में '108' एंबुलेंस और स्वास्थ्य सेवाओं के लिए संजीवनी बनेगी।कलेक्टर की प्राथमिकता- अंतिम व्यक्ति तक पहुंचेगा शासन का विकास
कलेक्टर ने बताया कि अबूझमाड़ जैसे दुर्गम क्षेत्रों में कनेक्टिविटी बढ़ाना शासन की सर्वोच्च प्राथमिकता है। उन्होंने स्पष्ट किया कि कलमानार में टावर की स्थापना सिर्फ नेटवर्क की उपलब्धता नहीं, बल्कि शासन की जनकल्याणकारी योजनाओं को अंतिम व्यक्ति तक पहुंचाने की प्रतिबद्धता का प्रमाण है। अब गांव का हर नागरिक डिजिटल पेमेंट, ऑनलाइन बैंकिंग और आधार आधारित सेवाओं के लिए शहर जाने को मजबूर नहीं होगा। क्षेत्र के छात्र अब इंटरनेट के माध्यम से ऑनलाइन पढ़ाई और प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कर सकेंगे, जिससे बिचौलियों पर निर्भरता खत्म होगी।जरूरी खबरें
विज्ञापन