दुर्ग (ओम दर्पण)।
केंद्र की प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व वाली सरकार द्वारा लाए गए ‘नारी शक्ति वंदन अधिनियम’ को लेकर भारतीय जनता पार्टी ने विपक्ष पर तीखा हमला बोला है। दुर्ग जिला भाजपा कार्यालय में आयोजित एक प्रेस वार्ता को संबोधित करते हुए छत्तीसगढ़ राज्य खाद्य आयोग के अध्यक्ष संदीप शर्मा ने विपक्ष, विशेषकर इंडी गठबंधन और कांग्रेस पर महिलाओं के अधिकारों को कुचलने का गंभीर आरोप लगाया।
संदीप शर्मा ने कहा कि भारत लोकतंत्र की जननी है और इस अधिनियम के जरिए देश की आधी आबादी को नीति-निर्धारण की प्रक्रिया में सक्रिय भागीदार बनाने का ऐतिहासिक मौका था। यह भारत की नारी शक्ति के लिए एक महायज्ञ था, लेकिन विपक्षी दलों ने अपने राजनीतिक स्वार्थ के कारण इसे पारित होने से रोक दिया।
अपनी राजनीतिक जमीन बचाने की बेचैनी में किया निराश
संदीप शर्मा ने कहा कि विपक्ष ने 30 साल तक महिलाओं के राजनीतिक सशक्तिकरण में देरी की है। अपनी राजनीतिक जमीन बचाने की बेचैनी में इंडी गठबंधन का स्वार्थ एक बार फिर सामने आया और महिलाओं के हितों को दरकिनार कर दिया गया। उन्होंने कहा, “हमारी दादी, माताओं और बहन-बेटियों ने इस क्षण का इंतजार किया था, लेकिन कांग्रेस और उसके साथियों ने बेटियों को 30 साल और इंतजार करवाया। यह केवल सीटों का नहीं, बल्कि भारतीय घर की इज्जत का सवाल था जो लोकतंत्र के शीर्ष मंदिर तक पहुंच रही थी।”
कांग्रेस पर लगाया ‘महिला-विरोधी’ होने का आरोप
प्रेस वार्ता के दौरान कांग्रेस पर तीखा प्रहार करते हुए शर्मा ने कहा कि कांग्रेस पार्टी का रुख पारंपरिक रूप से महिला-विरोधी रहा है। उन्होंने पूर्व प्रधानमंत्री राजीव गांधी के कार्यकाल का जिक्र करते हुए कहा कि उस समय मुस्लिम महिलाओं के खिलाफ सुप्रीम कोर्ट के फैसले को पलट दिया गया था, जिसे बाद में एनडीए सरकार ने ‘तीन तलाक’ पर बैन लगाकर सुधारा। शर्मा ने आरोप लगाया कि विपक्ष शीर्ष नेतृत्व में नीति-निर्धारण वाली भूमिकाओं में महिलाओं की काबलियत पर हमेशा शक करता है।
पंचायत रिजर्वेशन का लिया जाता है झूठा क्रेडिट
संदीप शर्मा ने विपक्ष पर पंचायतों में महिलाओं के लिए रिजर्वेशन का झूठा क्रेडिट लेने का भी आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि विपक्ष वहां आरक्षण का समर्थन करता है क्योंकि उससे उनकी स्थिति को कोई खतरा नहीं था, लेकिन जब लोकतंत्र के शीर्ष स्तर (संसद और विधानसभा) पर महिलाओं को उचित स्थान देने की बात आई, तो उन्होंने तकनीकी बहाने बनाकर इसे रोक दिया।
उन्होंने कहा कि 2014 से पहले महिलाओं की स्थिति खराब थी, लेकिन मोदी सरकार ने शौचालय, गैस, पानी और बैंकिंग जैसी बुनियादी सुविधाएं देकर उनका जीवन सुधारा है। महिला-विरोधी ताकतें आज भले ही इस बिल को रोकने में कामयाब हो गई हों, लेकिन भाजपा का संकल्प मजबूत है।
दुर्ग जिला भाजपा कार्यालय में आयोजित इस महत्वपूर्ण प्रेस वार्ता में महिला मोर्चा प्रदेश महामंत्री शीतल नायक, जिला भाजपा अध्यक्ष सुरेंद्र कौशिक, भिलाई चरोदा महापौर अलका बाघमार, भाजपा प्रदेश कार्यसमिति सदस्य चंद्रिका चंद्राकर, पदमा देवांगन, जिला महामंत्री विनोद अरोरा, जिला भाजपा मीडिया प्रभारी राजा महोबिया, महिला मोर्चा प्रदेश मंत्री कुमुद बघेल और महिला मोर्चा जिला अध्यक्ष तृप्ति चंद्राकर प्रमुख रूप से उपस्थित रहे।






