दुर्ग (लोकेश्वर सिंह ठाकुर)।
कलेक्टर अभिजीत सिंह के सख्त निर्देशों और प्रभारी सहायक आयुक्त आबकारी सी. आर. साहू के कुशल मार्गदर्शन में आबकारी विभाग ने अवैध शराब के खिलाफ एक बड़ी और साहसिक कार्यवाही को अंजाम दिया है। इस कार्यवाही ने शराब माफियाओं के हौसलों को पस्त कर दिया है और क्षेत्र में हड़कंप मचा दिया है।
मुखबिर की सूचना पर त्वरित एक्शन
आबकारी विभाग की टीम 21 जुलाई को गश्त पर थी, तभी उन्हें नंदिनी नगर थाना क्षेत्र के ग्राम घटियाखुर्द में बड़े पैमाने पर अवैध कच्ची शराब बनाए जाने की गुप्त सूचना मिली। सूचना मिलते ही विभाग की टीम ने बिना कोई देरी किए त्वरित कार्यवाही करते हुए बताई गई जगह पर दबिश दी। इस अचानक हुई छापेमारी से अवैध शराब के कारोबार में लिप्त लोगों में भगदड़ मच गई।
लाखों का माल जब्त, एक आरोपी गिरफ्तार
मौके पर आरोपी अनिकेत पारधी एवं अन्य अज्ञात लोगों के कब्जे से विभाग की टीम ने 75 लीटर गुड़ से बनी कच्ची शराब बरामद की, जिसका बाजार मूल्य लगभग ₹11,250 है। इसके साथ ही, शराब बनाने के लिए तैयार किया गया 900 किलोग्राम गुड़ निर्मित पाश भी जब्त किया गया, जिसकी कीमत ₹45,000 आंकी गई है। यही नहीं, शराब बनाने में इस्तेमाल होने वाली अन्य सामग्री जैसे गैस, चूल्हा, और डेचकी, जिनकी कीमत करीब ₹10,000 है, को भी कब्जे में लिया गया। इस प्रकार, जब्त की गई शराब और सामग्रियों का कुल बाजार मूल्य लगभग ₹66,250 है।
विभाग ने इस प्रकरण में आरोपी के खिलाफ आबकारी अधिनियम की धारा 34(2), 34(1)(क), (च), एवं 59(क) के तहत मामला दर्ज कर एक आरोपी अनिकेत पारधी को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है।
इन जांबाज अधिकारियों का रहा विशेष योगदान
इस सफल कार्यवाही को अंजाम देने में आबकारी विभाग दुर्ग की टीम का विशेष योगदान रहा। टीम में आबकारी उप निरीक्षक भूपेन्द्र नेताम, आबकारी उप निरीक्षक प्रियंक ठाकुर, सहायक जिला आबकारी अधिकारी पंकज कुजूर, आबकारी उप निरीक्षक हरिश पटेल, आबकारी उप निरीक्षक गीतांजलि तारम, आबकारी उप निरीक्षक अनामिका टोप्पो, आबकारी उप निरीक्षक भोजराम रत्नाकर, आबकारी उप निरीक्षक कीर्ति ठाकुर के साथ हेड कांस्टेबल संतोष दुबे, हेड कांस्टेबल लक्ष्मीनारायण भरथरी तथा आबकारी आरक्षक खुलदीप यादव, आबकारी आरक्षक संदीप तिर्की, आबकारी आरक्षक चितेश्वरी धु्रव एवं ड्राइवर नोहर, दुर्गा, धनराज, व दुर्गेश शामिल थे। इन अधिकारियों की सूझबूझ और बहादुरी ने इस बड़ी कार्यवाही को सफल बनाया।






