14 सितम्बर 2026 |
Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement

सरेआम हिजाब हटाने पर घिरे सुशासन बाबू: इल्तिजा मुफ्ती ने थाने में दी शिकायत, छात्राओं ने पूछा- क्या इसी सम्मान के लिए दिया था वोट?

OM Darpan

Dec 20, 2025 01:54 am 435 views
सरेआम हिजाब हटाने पर घिरे सुशासन बाबू: इल्तिजा मुफ्ती ने थाने में दी शिकायत, छात्राओं ने पूछा- क्या इसी सम्मान के लिए दिया था वोट?
 
  • पटना वीमेंस कॉलेज की छात्राओं ने लगाई चौपाल
  • इल्तिजा मुफ्ती ने की FIR की मांग; कोलकाता में भी प्रदर्शन

पटना/कोलकाता।

बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार द्वारा एक सरकारी कार्यक्रम के दौरान महिला डॉक्टर का सार्वजनिक रूप से हिजाब हटाने का मामला अब तूल पकड़ चुका है। यह घटना महज एक विवाद नहीं, बल्कि देशव्यापी राजनीतिक और सामाजिक मुद्दा बन गई है। पटना से लेकर कोलकाता तक विरोध की आग फैल चुकी है। छात्राओं, महिला संगठनों और विपक्षी दलों ने एक स्वर में मुख्यमंत्री के इस कृत्य को 'शर्मनाक' बताते हुए सार्वजनिक माफी की मांग की है।

पटना की छात्राओं का तीखा सवाल- क्या यही महिला सम्मान है?

पटना वूमेंस कॉलेज में इस घटना के खिलाफ छात्राओं का गुस्सा फूट पड़ा। छात्राओं ने कॉलेज परिसर में 'चौपाल' लगाकर अपना विरोध दर्ज कराया। उनका कहना था कि मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने महिला सुरक्षा और सम्मान के नाम पर वोट बटोरे, लेकिन अब वही मुख्यमंत्री एक महिला की गरिमा को ठेस पहुंचा रहे हैं। छात्राओं ने मंच पर मौजूद अन्य नेताओं के रवैये पर भी सवाल उठाए। उनका कहना था कि जब एक महिला के साथ यह हो रहा था, तब वहां बैठे जिम्मेदार नेता मुस्कुरा रहे थे।

Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement

'चेहरा देखना था तो विनम्रता से मांगते'

विरोध प्रदर्शन कर रही कॉलेज की छात्रा इशिका ने कहा, "अगर आपको चेहरा देखना ही था, तो आप विनम्रता से अनुरोध कर सकते थे। किसी महिला का हिजाब खींचना पूरी तरह गलत है। जो नेता इस कृत्य का समर्थन कर रहे हैं, वे भी उतने ही गलत हैं।"

वहीं, एक अन्य छात्रा तस्लीम जहरा ने कहा, "हिजाब हमारे लिए डिग्निटी (गरिमा) है। किसी भी महिला के लिए उसकी इज्जत सबसे ऊपर होती है। सार्वजनिक मंच पर किसी का हिजाब हटाना कतई स्वीकार्य नहीं है।"

इल्तिजा मुफ्ती पहुंची थाने, की FIR की मांग

मामले की गंभीरता को देखते हुए जम्मू-कश्मीर की पीडीपी नेता इल्तिजा मुफ्ती ने कानूनी रास्ता अपनाया है। उन्होंने पटना के कोठीबाग थाने में शिकायत देकर नीतीश कुमार के खिलाफ एफआईआर दर्ज करने की मांग की है। इल्तिजा ने अपनी शिकायत में कहा कि यह मामला सिर्फ एक महिला डॉक्टर तक सीमित नहीं है, बल्कि यह हर भारतीय महिला की स्वायत्तता, पहचान और गरिमा पर हमला है। उन्होंने आरोप लगाया कि मंच पर मौजूद उपमुख्यमंत्री और अन्य नेताओं की प्रतिक्रिया ने इस मामले को और भी गंभीर बना दिया है।

कोलकाता की सड़कों पर उतरीं महिलाएं

इस घटना की गूंज बिहार से बाहर पश्चिम बंगाल तक सुनाई दी। कोलकाता में गुरुवार शाम बड़ी संख्या में महिलाओं ने पार्क सर्कस से गरियाहाट तक विरोध मार्च निकाला। इस दौरान 'नीतीश कुमार माफी मांगो' के नारे लगाए गए। मार्च में शामिल टीएमसी नेता फिरहाद हकीम की बेटी प्रियदर्शिनी हकीम ने कहा कि मुख्यमंत्री का यह कृत्य पूरी तरह महिला विरोधी और असंवेदनशील है। प्रदर्शन की खास बात यह रही कि इसमें हिंदू और मुस्लिम महिलाओं ने संयुक्त रूप से भाग लेकर इसे महिला सम्मान और संवैधानिक मूल्यों की लड़ाई बताया।

शेयर करें

विज्ञापन / Advertisement

Government Advertisement
260914072658152

विज्ञापन

Advertisement