हर्राडांड़ में 18.20 एकड़ भूमि कलेक्टर ने की आबंटित, बिजली आपूर्ति में सुधार की उम्मीद
जशपुरनगर: मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय की पहल पर जिले में 400 केव्ही विद्युत सबस्टेशन स्थापित करने का रास्ता साफ हो गया है। इस सबस्टेशन के लिए कुनकुरी ब्लाक के हर्राडांड़ में 18.20 एकड़ भूमि राज्य विद्युत वितरण कंपनी को कलेक्टर डॉ रवि मित्तल ने आबंटित कर दी है। विद्युत विभाग के डीई एन आर भगत ने बताया कि इस सबस्टेशन के निर्माण से जिले में बिजली आपूर्ति व्यवस्था में व्यापक सुधार आएगा।
बिजली आपूर्ति में सुधार: वर्तमान में जिले में 132 केव्ही लाइन में बिजली की आपूर्ति बिलासपुर स्थित सबस्टेशन से होती है। अधिक दूरी होने के कारण तकनीकी समस्याएं उत्पन्न होती रहती हैं, जिससे विद्युत आपूर्ति बाधित होती है और लो वोल्टेज की समस्या होती है। इस नए सबस्टेशन के बन जाने से यह सभी समस्याएं समाप्त हो जाएंगी और उपभोक्ताओं को निर्बाध बिजली की आपूर्ति सुनिश्चित हो सकेगी। इसके साथ ही पड़ोसी राज्य झारखंड को भी बेहतर बिजली आपूर्ति हो सकेगी, जिससे वहां के उपभोक्ताओं को भी राहत मिलेगी।
मुख्यमंत्री की अन्य पहलकदमी: जिले में बुनियादी सुविधाओं जैसे पानी, बिजली, स्वास्थ्य, शिक्षा और सड़क में सुधार लाने के लिए मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के नेतृत्व वाली छत्तीसगढ़ सरकार तेजी से काम कर रही है। बीते 8 महीनों में जिले में 220 बिस्तर वाले सर्वसुविधा अस्पताल की स्वीकृति, 7 विशेषज्ञ चिकित्सक, कृषि अनुसंधान केन्द्र, और मयाली नेचर कैम्प के लिए 10 करोड़ रुपये की स्वीकृति केंद्र सरकार से मिल चुकी है।
विद्युत व्यवस्था दुरुस्त करने के लिए 176 नए ट्रांसफार्मर लगाए गए
आदिवासी बाहुल्य जशपुर जिले में विद्युत वितरण व्यवस्था को सुदृढ़ करने के लिए मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के निर्देश पर जिला प्रशासन तेजी से काम कर रहा है। डीई भगत ने बताया कि जिले में विद्युत व्यवस्था सुधारने के लिए 274 अतिरिक्त ट्रांसफार्मर की स्वीकृति मिली है, जिनमें से 176 ट्रांसफार्मर लगाए जा चुके हैं। बिजली व्यवस्था को सुचारू रखने के लिए लाइन और ट्रांसफार्मर की मेंटेनेंस पर जोर दिया जा रहा है। खराब मौसम या अन्य कारणों से फाल्ट आने पर विद्युतकर्मी तत्काल सुधार के लिए पहल करते हैं और इसके लिए विभाग के अधिकारी और कर्मचारियों को हमेशा सतर्क रखा गया है। साथ ही कर्मचारियों की संख्या भी बढ़ाई जा रही है ताकि जिले की विद्युत आपूर्ति सुचारू रूप से हो सके।










