



दुर्ग (रोहिता सिंह भुवाल)।
शिवनाथ नदी के पास इंटकवेल में कचरा फंसने से पेयजल बाधित होने की समस्या जल्द ही खत्म होने वाली है। विधायक गजेंद्र यादव के अथक प्रयासों से दुर्ग निगम को जलकुम्भी की सफाई के लिए पोंड क्लीनर मशीन खरीदने की अनुमति शासन से मिल गई है। इस मशीन से शिवनाथ नदी और तालाब के ऊपरी सतह पर सभी प्रकार के खरपतवार को आसानी से निकाला जा सकेगा। इस प्रकार की मशीन का इस्तेमाल जम्मू के डल झील और हैदराबाद के हुसैन सागर जैसी नदियों में पानी साफ करने और खरपतवार निकालने के लिए किया जाता है।
दुर्ग शहर में जलकुम्भी की समस्या गंभीर बन चुकी है। नालों में भारी मात्रा में उगने वाली जलकुम्भी के कारण बारिश का पानी रुक जाता है, जिससे उफान का पानी अन्य क्षेत्रों में फैलता है। इसके अलावा, दुर्ग निगम के इंटकवेल के पास साईफेन में जलकुम्भी फंसने से पंपहाउस से पेयजल आपूर्ति बाधित हो जाती है। अत्यधिक वर्षा के दौरान यह समस्या हर साल देखने को मिलती है। इस समस्या से निजात दिलाने के लिए विधायक गजेंद्र यादव लगातार प्रयासरत थे और अब उनके प्रयास सफल हुए हैं। दुर्ग निगम को लगभग डेढ़ करोड़ रुपये की लागत से एक्वाटिक वीड हार्वेस्टर मशीन खरीदने की मंजूरी मिल गई है।
प्रदेश का पहला पोंड क्लीनर मशीन
प्रदेश में जलकुम्भी और पानी के ऊपरी सतह से खरपतवार निकालने के लिए इस प्रकार की आधुनिक पोंड क्लीनर मशीन किसी भी निकाय के पास अब तक नहीं थी। यह पहली बार है जब दुर्ग निगम को इस मशीन की खरीदारी की अनुमति मिली है। विधायक गजेंद्र यादव के अथक प्रयासों से यह संभव हुआ है। इस मशीन से शिवनाथ नदी किनारे जलकुम्भी से पटे हुए क्षेत्र की सफाई होगी। बारिश के मौसम में पेयजल आपूर्ति में रूकावट नहीं होगी और नागरिकों को सुचारू रूप से पेयजल मिलता रहेगा। इसके अलावा, नालों और तालाबों से जलकुम्भी और खरपतवार निकालने में भी इस मशीन का उपयोग किया जा सकेगा।






