- सुकमा में मूसलाधार बारिश से जनजीवन अस्त-व्यस्त,
- पुल के डूबने से नेशनल हाईवे 30 पर जाम
सुकमा (कौशल संदुजा)
सुकमा में पिछले तीन दिनों से हो रही मूसलाधार बारिश ने तबाही मचा दी है। लगातार झमाझम बारिश से सुकमा जिले की नदियाँ और नाले उफान पर हैं, जिससे आम जनजीवन पूरी तरह से अस्त-व्यस्त हो गया है। स्थिति इतनी गंभीर हो चुकी है कि एर्राबोर में नेशनल हाईवे 30 बीते सात घंटों से पानी में डूबा हुआ है। पुल के ऊपर से पानी बहने के कारण सड़क पर यात्रा करना जोखिम भरा हो गया है, लेकिन इसके बावजूद कुछ लोग जान जोखिम में डालकर इस जलमग्न मार्ग को पार कर रहे हैं।
एर्राबोर का पुल डूबा:
भारी बारिश के कारण सुकमा जिले के एर्राबोर का पुल डूब चुका है। पुल के ऊपर से पानी बह रहा है, जिससे नेशनल हाईवे 30 पर यातायात पूरी तरह से ठप हो गया है। सड़क के दोनों तरफ गाड़ियों की लंबी कतारें लग गई हैं। प्रशासन ने स्थिति की गंभीरता को देखते हुए एसडीआरएफ और सुरक्षा बलों को तैनात कर दिया है, ताकि किसी भी अप्रिय घटना को रोका जा सके।
तीन राज्यों का संपर्क बाधित:
एर्राबोर पुल के डूबने के कारण आंध्र प्रदेश, तेलंगाना और ओडिशा को जोड़ने वाली सड़क का संपर्क पूरी तरह से टूट गया है। बीते सात घंटों से इस मार्ग पर यातायात पूरी तरह से ठप है, जिससे सुकमा और बस्तर के लोगों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है।
कोंटा में बाढ़ का खतरा:
पिछले तीन दिनों से जारी भारी बारिश ने सुकमा में स्थित शबरी नदी को उफान पर ला दिया है। नदी के किनारे बसे इलाकों में पानी घुसने से सुकमा और दोरनापाल जगरगुंडा मार्ग भी बंद हो गया है। कोंटा क्षेत्र में बाढ़ का खतरा मंडरा रहा है, और अगर बारिश का यह सिलसिला जारी रहा तो हालात और भी खराब हो सकते हैं।









