मुंबई:
महाराष्ट्र की राजनीति में आज एक बेहद भावुक और महत्वपूर्ण तस्वीर सामने आई। शिवसेना (यूबीटी) प्रमुख उद्धव ठाकरे के जन्मदिन के मौके पर, उनके चचेरे भाई और महाराष्ट्र नवनिर्माण सेना (MNS) प्रमुख राज ठाकरे उन्हें शुभकामनाएं देने के लिए उनके निवास ‘मातोश्री’ पहुंचे। यह मुलाकात न सिर्फ व्यक्तिगत रिश्तों की गर्माहट को दर्शाती है, बल्कि राजनीतिक गलियारों में भी नई चर्चाओं को हवा दे रही है।
भाई का साथ, ‘दादू’ को मिला आशीर्वाद
राज ठाकरे ने आज अपने बड़े भाई उद्धव से मुलाकात कर उन्हें जन्मदिन की बधाई दी। यह मुलाकात करीब आधे घंटे तक चली, जिसके बाद राज ठाकरे अपने पार्टी के वरिष्ठ नेता बाला नंदगांवकर व नितिन सरदेसाई के साथ मातोश्री से बाहर निकले। राज ठाकरे ने फेसबुक पर एक पोस्ट लिखकर उद्धव को ‘मेरे बड़े भाई’ कहकर संबोधित किया, जो उनके अटूट रिश्ते की गहराई को दिखाता है। बचपन से ही राज, उद्धव को प्यार से ‘दादू’ कहकर पुकारते हैं। इस मुलाकात को सिर्फ जन्मदिन की बधाई तक सीमित नहीं माना जा रहा है, बल्कि इसे दोनों भाइयों के बीच पुरानी दूरियों को पाटने की एक कोशिश के तौर पर भी देखा जा रहा है।
माझे मोठे बंधू, शिवसेना पक्षप्रमुख श्री. उद्धव ठाकरे यांच्या वाढदिवसानिमित्त त्यांना मातोश्री या
कै. माननीय श्री.बाळासाहेब ठाकरे यांच्या निवासस्थानी जाऊन शुभेच्छा दिल्या… pic.twitter.com/sFp2Hduubx— Raj Thackeray (@RajThackeray) July 27, 2025
मातोश्री से जुड़ी यादें और अटूट रिश्ता
राज ठाकरे का मातोश्री से एक गहरा और भावनात्मक नाता है। साल 2005 तक उनका अधिकांश समय यहीं बीता था। वह अपने चाचा बाल ठाकरे के साथ मिलकर यहीं से शिवसेना का कामकाज देखते थे। लाखों शिवसैनिकों की तरह, राज आज भी मातोश्री को एक मंदिर की तरह मानते हैं, क्योंकि यह स्थान सिर्फ एक घर नहीं, बल्कि बाल ठाकरे और मां साहेब (बाल ठाकरे की पत्नी) की यादों का प्रतीक है।
साढ़े 6 साल बाद मातोश्री लौटे राज
यह मुलाकात इसलिए भी खास है क्योंकि राज ठाकरे साढ़े 6 साल बाद मातोश्री पहुंचे थे। इससे पहले, वह 5 जनवरी 2019 को अपने बेटे की शादी का न्योता देने के लिए आए थे। इसके अलावा, जब उद्धव ठाकरे की सर्जरी हुई थी, तब राज खुद अस्पताल जाकर उनसे मिले थे और उन्हें अपनी गाड़ी से मातोश्री तक लेकर आए थे। ये घटनाएं बताती हैं कि राजनीति में भले ही दोनों के रास्ते अलग हों, लेकिन भाई का रिश्ता हमेशा से मजबूत रहा है।









