- नैमेड़ में 15 वर्षीय विमला कवासी की स्वास्थ्य समस्या के बाद उपचार के दौरान मौत, पोस्टमार्टम के बाद परिजनों को सौंपा शव
बीजापुर (कौशल संदुजा)।
बीजापुर जिले के नैमेड़ स्थित पोटाकेबिन छात्रावास में पढ़ाई करने वाली 15 वर्षीय छात्रा विमला कवासी की उपचार से पहले ही मौत हो गई। यह घटना 11 दिसंबर को घटी, जब विमला को बेहतर इलाज के लिए जगदलपुर मेडिकल कॉलेज (मेकाज) भेजा गया था। लेकिन मेकाज पहुंचने से पहले ही छात्रा की मौत हो गई।
मिली जानकारी के अनुसार, विमला कवासी दुगेली थाना क्षेत्र के ग्राम तोयनार की निवासी थी और पोटाकेबिन छात्रावास में कक्षा 10वीं की छात्रा थी। छात्रा को 24 नवंबर को अचानक स्वास्थ्य खराब होने के कारण नैमेड़ स्वास्थ्य केंद्र ले जाया गया था, जहां कुछ सुधार हुआ था और उसे वापस छात्रावास भेज दिया गया। लेकिन 28 नवंबर को फिर से उसकी तबियत बिगड़ी और उसे वापस नैमेड़ लाया गया। वहां से उसे बीजापुर जिला अस्पताल भेजा गया, जहां स्थिति में कोई सुधार न होने के बाद 11 दिसंबर को उसे मेकाज रेफर किया गया।
इस बीच, बीजापुर जिले के माता रुक्मिणी आश्रम से भी 35 बच्चे बीमार हो गए थे, जिनमें से एक बच्ची शिवानी तेलाम की मौत हो गई। शिवानी को बेहतर इलाज के लिए मेकाज भेजा जा रहा था, लेकिन रास्ते में उसकी भी मौत हो गई। इस मामले में 4 अन्य बच्चों को इलाज के लिए मेकाज में भर्ती किया गया।
गुरुवार को विमला की शव का पोस्टमार्टम किया गया और उसे परिजनों को सौंप दिया गया।










