21 अक्टूबर 2026 |
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सुशासन का नया अध्याय : सेवा सेतु पोर्टल से घर बैठे मिल रहे प्रमाण पत्र, मुख्यमंत्री साय की पहल से खत्म हुई दफ्तरों की भागदौड़

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OM Darpan

Jun 27, 2026 08:47 am 811 views
सुशासन का नया अध्याय : सेवा सेतु पोर्टल से घर बैठे मिल रहे प्रमाण पत्र, मुख्यमंत्री साय की पहल से खत्म हुई दफ्तरों की भागदौड़
 

  • रायगढ़ की दुर्गा को मिला लाभ

  • समय और पैसे की हुई बड़ी बचत

रायपुर/रायगढ़। छत्तीसगढ़ में मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के नेतृत्व में तकनीक और सुशासन का एक नया समन्वय देखने को मिल रहा है। प्रदेश में शुरू किया गया सेवा सेतु पोर्टल आम नागरिकों के लिए वरदान साबित हो रहा है। सरकारी दफ्तरों की लंबी लाइनों और बाबूराज से मुक्ति दिलाते हुए यह पोर्टल सेवाओं को सीधे जनता के द्वार तक पहुंचा रहा है। डिजिटल सेवाओं के इस विस्तार से न केवल पारदर्शिता आई है, बल्कि समयबद्ध तरीके से काम होने से प्रशासन के प्रति जनता का विश्वास भी गहरा हुआ है।
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घर बैठे मिला प्रमाण पत्र, खत्म हुई भागदौड़

रायगढ़ जिले के रायगढ़ विकासखंड अंतर्गत ग्राम सांगीतराई की निवासी दुर्गा सिदार इस डिजिटल बदलाव की प्रत्यक्ष गवाह बनी हैं। उन्हें विभिन्न शासकीय योजनाओं का लाभ लेने के लिए अनिवार्य रूप से विवाह प्रमाण पत्र की आवश्यकता थी। पूर्व के अनुभवों को देखते हुए उन्हें डर था कि इस दस्तावेज के लिए तहसील और जनपद कार्यालयों के कई चक्कर काटने पड़ेंगे, जिससे समय और धन दोनों की बर्बादी होगी। हालांकि, सेवा सेतु पोर्टल ने उनकी इस चिंता को राहत में बदल दिया। दुर्गा ने बताया कि पोर्टल पर ऑनलाइन आवेदन करने के महज कुछ ही दिनों के भीतर उनका प्रमाण पत्र जारी कर दिया गया।
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एक ही मंच पर उपलब्ध हैं दर्जनों सेवाएं

गौरतलब है कि सेवा सेतु पोर्टल केवल विवाह प्रमाण पत्र तक सीमित नहीं है, बल्कि यह एक 'सिंगल विंडो' सिस्टम की तरह काम कर रहा है। इस मंच के जरिए नागरिक आय, जाति, निवास, जन्म-मृत्यु प्रमाण पत्र के साथ-साथ भू-अभिलेख, सामाजिक सुरक्षा पेंशन, श्रम और राजस्व विभाग से जुड़ी महत्वपूर्ण सेवाओं का लाभ उठा सकते हैं। नगरीय प्रशासन और अन्य विभागों की जटिल प्रक्रियाओं को सरल बनाकर एक ही छत के नीचे लाने से ग्रामीण क्षेत्रों के उन लोगों को सबसे अधिक लाभ हो रहा है, जिन्हें पहले छोटे-छोटे कार्यों के लिए जिला मुख्यालय तक दौड़ना पड़ता था।

पारदर्शिता और जवाबदेही से बढ़ा जनता का भरोसा

ग्रामीण और दूरस्थ अंचलों में डिजिटल सुशासन की यह पहुंच बिचौलियों की भूमिका को पूरी तरह समाप्त कर रही है। मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय की इस पहल से अब ग्रामीण अपने नजदीकी चॉइस सेंटर या स्वयं के मोबाइल से भी आवेदन कर पा रहे हैं। दुर्गा सिदार ने इस व्यवस्था के लिए शासन-प्रशासन का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि सेवा सेतु जैसी पहल से ग्रामीणों का जीवन सुगम हुआ है। अधिकारियों के मुताबिक, पोर्टल पर प्राप्त आवेदनों की निगरानी सीधे उच्च स्तर से की जाती है, जिससे लेटलतीफी की गुंजाइश खत्म हो गई है और तय समय सीमा में सेवाएं प्रदान करना अनिवार्य हो गया है।
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