भिलाईनगर (रवि कुमार भास्कर)।
पूर्व प्रधानमंत्री भारत रत्न अटल बिहारी वाजपेयी की स्मृति में छत्तीसगढ़ में सुशासन सप्ताह का आयोजन 19 से 25 दिसंबर 2024 तक किया जा रहा है। इस क्रम में अटल विचार संगोष्ठी का आयोजन नगर निगम सभागार में हुआ। इस संगोष्ठी में अटल बिहारी वाजपेयी के विचार, कविताएं, अटल इरादे, समाजहित और राष्ट्रहित में किए गए कार्यों को स्मरण किया गया।

आयुक्त राजीव कुमार पांडेय ने कहा, “बचपन में मैंने अटल जी के भाषण और विचार सुने। वे एक प्रखर वक्ता थे, जिनका सम्मान पक्ष और विपक्ष दोनों दलों ने किया। सुशासन का अर्थ है कि निगम अधिकारी और कर्मचारी अपने दायित्वों का निर्वहन सुगमता से करें, जनता के प्रति जवाबदेह रहें, और अपने कार्य समय पर पूरे करें। हमें यह सोचकर काम करना चाहिए कि हमारे वेतन से हमारा जीवन चलता है और इसके प्रति हमारी जिम्मेदारी है।”
कार्यक्रम में कार्यपालन अभियंता अनिल सिंह ने अटल जी पर अपनी रचित कविता प्रस्तुत की। उनमेश साहू ने अटल जी की कविता “हार नहीं मानूंगा, रार नहीं ठानूंगा” का पाठ किया। शरद दुबे ने उनके अटल इरादों और प्रेरणादायक कविताओं पर अपने विचार साझा किए। जनसंपर्क अधिकारी अजय शुक्ला ने बताया कि अटल जी पहले व्यक्ति थे जिन्होंने संयुक्त राष्ट्र संघ में हिंदी में भाषण दिया। उन्होंने कहा, “छत्तीसगढ़ राज्य का निर्माण भी अटल जी की देन है।”
आयुक्त पांडेय ने संगोष्ठी के अंत में सभी अधिकारियों, कर्मचारियों और नागरिकों को सुशासन सप्ताह की शपथ दिलाई।
संगोष्ठी में मुख्य अभियंता भागीरथ वर्मा, अधीक्षण अभियंता दीपक जोशी, डी.के. वर्मा, जोन आयुक्त अजय कुमार सिंह, येशा लहरे, सतीश यादव, कुलदीप गुप्ता, स्वास्थ्य अधिकारी जावेद अली, लेखाधिकारी चंद्रकांत साहू, जोन के स्वास्थ्य अधिकारी, यूनियन पदाधिकारी, सहायक राजस्व अधिकारी और अन्य विभागों के प्रमुख अधिकारी, कर्मचारी और नागरिक उपस्थित थे।







