

सुकमा (कौशल संदुजा)।
सुकमा जिले में पुलिस को बड़ी सफलता मिली है, जिसमें थाना कोन्टा, चिंतागुफा एवं चिंतलनार क्षेत्र से विभिन्न मामलों में संलिप्त कुल 8 नक्सली आरोपियों को गिरफ्तार किया गया। इसमें थाना चिंतलनार से 6, कोन्टा से 1, और चिंतागुफा से 1 नक्सली शामिल हैं।
थाना कोन्टा से गिरफ्तार आरोपी नक्सली, मड़कम देवा, बड़े नक्सली घटनाओं में शामिल था। वह आरपीसी अध्यक्ष के पद पर कार्यरत था और सुरक्षा बलों की गतिविधियों की रेकी भी करता था। उसके खिलाफ पहले से ही थाना कोन्टा में विभिन्न धाराओं के तहत अपराध पंजीबद्ध था।
थाना चिंतागुफा से गिरफ्तार पोड़ियाम पंडा, नक्सल सप्लायर के रूप में काम कर रहा था। उसके खिलाफ चिंतागुफा और दोरनापाल थानों में कुल 6 मामलों में स्थायी गिरफ्तारी वारंट जारी था। यह सभी मामले गंभीर नक्सली घटनाओं से जुड़े हुए थे।
चिंतलनार क्षेत्र में सुरपनगुड़ा के जंगल से गिरफ्तार किए गए 6 नक्सली मिलिशिया सदस्य के रूप में काम कर रहे थे। पुलिस द्वारा इनके पास से डेटोनेटर, टाईगर बम, जिलेटीन रॉड जैसी कई खतरनाक सामग्रियां बरामद की गईं।
इन सभी गिरफ्तारियों में थाना कोन्टा, चिंतागुफा, चिंतलनार पुलिस बल, डीआरजी, 150 एवं 165 वाहिनी सीआरपीएफ, और 201 वाहिनी कोबरा की महत्वपूर्ण भूमिका रही। यह अभियान सुन्दरराज पी. (पुलिस महानिरीक्षक, बस्तर रेंज जगदलपुर), कमलोचन कश्यप (पुलिस उप महानिरीक्षक रेंज दंतेवाड़ा), आनंद सिंह राजपुरोहित (उप महानिरीक्षक (परि.) सीआरपीएफ रेंज सुकमा) एवं पुलिस अधीक्षक जिला सुकमा किरण चव्हाण के मार्गदर्शन में चलाया गया।
गिरफ्तार सभी नक्सली आरोपी पिछले 8-10 वर्षों से इस क्षेत्र में सक्रिय थे। सभी आरोपियों को विधिवत् गिरफ्तार कर माननीय न्यायालय में पेश किया गया और उन्हें जेल भेज दिया गया है।






