- यूनिसेफ और छत्तीसगढ़ पुलिस के संयुक्त तत्वाधान में बस्तर संभाग के पुलिस अधिकारियों को संवेदनशील मामलों में कार्यवाही का मिला प्रशिक्षण
जगदलपुर (कौशल संदुजा)।
शौर्य भवन, पुलिस कॉआर्डिनेशन सेंटर लालबाग जगदलपुर में यूनिसेफ संस्था और छत्तीसगढ़ पुलिस विभाग के संयुक्त तत्वाधान में एक दिवसीय कार्यशाला का आयोजन किया गया। इस कार्यशाला में बस्तर संभाग के सभी जिलों से आए कुल 120 पुलिस अधिकारियों को जे.जे. एक्ट और पॉक्सो एक्ट के संबंध में प्रशिक्षण दिया गया।
उक्त कार्यशाला का आयोजन पुलिस महानिरीक्षक, बस्तर रेंज सुंदरराज पी. और पुलिस अधीक्षक, जिला बस्तर शलभ सिन्हा के मार्गदर्शन और उपस्थिति में किया गया। कार्यशाला में यूनिसेफ संस्था की बाल संरक्षण विशेषज्ञ चेतना देसाई और Counsel for Social Justice संस्था की निदेशक उर्वशी तिलक तथा कार्यपालक निदेशक निमिशा श्रीवास्तव ने भाग लिया।
प्रशिक्षण के दौरान, सभी पुलिस अधिकारियों को किशोरों द्वारा किए गए छोटे अपराधों में उचित नियमानुसार कार्यवाही और जे.जे. एक्ट एवं पॉक्सो एक्ट के विभिन्न प्रावधानों के बारे में व्यापक जानकारी दी गई।
पुलिस अधीक्षक शलभ सिन्हा ने बताया कि यह कार्यशाला एक बेहद संवेदनशील विषय से संबंधित है, जिसमें सभी पुलिस अधिकारियों को तत्परता और गंभीरता से अपनी कार्यप्रणाली के दौरान बाल संरक्षण और आपराधिक मामलों में वैधानिक कार्यवाही करनी है।
पुलिस महानिरीक्षक सुंदरराज पी. ने बताया कि इस कार्यशाला का उद्देश्य पुलिस अधिकारियों और बल सदस्यों के क्षमतावर्धन के साथ-साथ विशेष किशोर पुलिस इकाई और बाल कल्याण पुलिस अधिकारियों द्वारा की जाने वाली महत्वपूर्ण कार्यवाहियों के बारे में जानकारी देना था। इस महत्वपूर्ण प्रशिक्षण के दौरान, उपस्थित पुलिस अधिकारियों को जे.जे. एक्ट और पॉक्सो एक्ट के प्रावधानों के तहत विस्तृत जानकारी दी गई है।









